पृष्ठभूमि
ओस्टियोपोरोसिस लगभग 44 मिलियन अमेरिकनों, अथवा 50 वर्ष और उससे अधिक आयु के 55 प्रतिशत लोगों के लिए एक प्रमुख सार्वजनिक स्वास्थ्य चुनौती है। यू.एस. में, अनुमान है कि 10 मिलियन लोगों को पहले ही यह बीमारी है और 34 प्रतिशत लोगों की हड्डियां इतनी कमज़ोर हैं कि उन्हें ओस्टियोपोरोसिस का ज्यादा खतरा है। राष्ट्रीय ओस्टियोपोरोसिस फाउंडेशन के अनुसार, वर्ष 2010 तक, इसी उम्र की 52 मिलियन महिलाएं और पुरुष इससे प्रभावित होंगे, और यदि मौजूदा रूझान जारी रहा तो 2020 तक ये आंकड़े बढ़कर 61 मिलियन से ज्यादा हो जाएंगे।
एशियन होना, ओस्टियोपोरोसिस के लिए एक जोखिम कारक है। कमज़ोर, छोटा अस्थि ढांचा (अथवा निम्न अस्थि संहति) होना, कम शारीरिक गतिविधि और कम कैल्शियम लेना भी जोखिम कारक हैं। चूंकि लगभग 90 प्रतिशत एशियन अमेरिकनों के लिए दुग्ध उत्पाद असहनीय होते हैं, इसलिए डेयरी उत्पादों के जरिए कैल्शियम लेना समस्यापूर्ण हो सकता है। ओस्टियोपोरोसिस के परिणामस्वरूप, एशियन अमेरिकन महिलाओं में कशेरुकी (वर्टिब्रल) अथवा रीढ़ की हड्डी का फ्रेक्चर ज्यादा होता है।
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अनुमान है कि 10 मिलियन अमेरिकनों को ओस्टियोपोरोसिस है जिनमें से आठ मिलियन महिलाएं और दो मिलियिन पुरुष हैं।
- अनुमान है कि 2050 तक सभी ओस्टियोपोरोसिस हिप फ्रेक्चर्स में से लगभग 50 प्रतिशत एशिया में होंगे।
- 2002 में ओस्टियोपोरोसिस फ्रेक्चर्स के लिए अनुमानित राष्ट्रीय प्रत्यक्ष देखरेख व्यय (अस्पतालों, नर्सिंग होम्स और बाह्यरोगी सेवाओं सहित) 18 बिलियन डॉलर प्रतिवर्ष है, और इस लागत में बढ़ोतरी हो रही है।
- चीन: 1988 से 1992 तक, बीजिंग में हिप फ्रेक्चर्स की घटनाओं में महिलाओं में 34 प्रतिशत और पुरुषों में 33 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई।
- भारत: विशेषज्ञ समूहों के अनुसार लगभग 26 मिलियन ओस्टियोपोरोसिस रोगी (2003 के आंकड़े) हैं और 2013 तक इसके बढ़कर 36 मिलियन होने का अनुमान है।
- कोरिया: 75 वर्ष की आयु के बाद कूल्हे के फ्रेक्चर्स की संख्या महिलाओं में प्रति हजार 4.3 और पुरुषों में 2.97 थी।
- सिंगापुर: 1960 की तुलना में, महिलाओं में कूल्हे के फ्रेक्चर्स 5 गुणा और पुरुषों में 1.5 गुणा बढ़े गए हैं।
- जापान: 50-79 वर्ष की आयु की जापानी महिलाओं में ओस्टियोपोरोसिस की मौजूदगी का रीढ़ की हड्डी में लगभग 35 प्रतिशत और कूल्हे में 9.5 प्रतिशत होने का अनुमान लगाया गया है।
स्रोत:स्रोत नेशनल ओस्टियोपोरोसिस फाउंडेशन
उद्देश्य
ओस्टियोपोरोसिस शिक्षा और परीक्षण कार्यक्रम का उद्देश्य एशियन अमेरिकन समुदाय में ओस्टियोपोरोसिस के प्रति जागरुकता बढ़ाना, एशियन अमेरिकनों में ओस्टियोपोरोसिस के मामलों की संख्या को कम करना और ओस्टियोपोरोसिस की मौजूदगी पर आंकड़े एकत्रीकरण की स्थिति में सुधार करना है।
ओस्टियोपोरोसिस जागरुकता के लक्ष्य हैं:
- सांस्कृतिक और भाषायी रूप से उपयुक्त सेवाएं प्रदान करके एशियन अमेरिकन समुदाय में ओस्टियोपोरोसिस के प्रति जागरुकता बढ़ाना
- उन एशियन अमेरिकनों की संख्या में इजाफा करना जो ओस्टियोपोरोसिस को कम करने के सुरक्षात्मक उपाय करते हैं
- एशियन अमेरिकन समुदाय में पूर्व-/ओस्टियोपोरोसिस की मौजूदगी पर आंकड़े एकत्र करना
आपको क्या जानना चाहिए:
ओस्टियोपोरोसिस क्या है?
ओस्टियोपोरोसिस एक ऐसी बीमारी है जिसमें हड्डियां कमज़ोर हो जाती हैं और उनके टूटने की बहुत संभावना होती है। यदि बचाव या उपचार न किया जाए, तो जब तक कोई हड्डी टूट न जाए, ओस्टियोपोरोसिस बिना दर्द के बढ़ता रह सकता है। हड्डियों का यह टूटना जिसे फ्रेक्चर भी कहा जाता है, आमतौर पर कूल्हे, रीढ़ और कलाई में होता है।
कोई भी हड्डी प्रभावित हो सकती है, लेकिन विशेष चिंता कूल्हे और रीढ़ के फ्रेक्चर्स की है। कूल्हे के फ्रेक्चर में आमतौर पर हमेशा अस्पताल में भर्ती होकर बड़ी सर्जरी कराने की जरूरत पड़ती है। यह बिना मदद के चलने की व्यक्ति की काबिलियत को विकलांग बना सकता है और इसके कारण एक दीर्घकालिक अथवा स्थाई विकलांगता अथवा मृत्यु भी हो सकती है। रीढ़ अथवा कशेरुकी फ्रेक्चर्स के परिणाम भी गंभीर होते हैं जिनमें ऊंचाई कम होना, तेज़ कमर दर्द और शरीर का आकार बिगड़ना शामिल है।
ओस्टियोपोरोसिस होने के लक्षण क्या हैं?
ओस्टियोपोरोसिस को आमतौर पर एक "खामोश बीमारी" कहा जाता है क्योंकि हड्डियों का नुकसान बिना लक्षणों के होता है। लोगों को तब तक ओस्टियोपोरोसिस होने का पता ही नहीं चलता जब तक कि उनकी हड्डियां इतनी कमज़ोर नहीं हो जातीं कि अचानक एक खिंचाव, उछलने या गिरने से फ्रेक्चर या वर्टिब्रा हो जाए जो उन्हें धराशायी कर दे। धराशायी कर देने वाले वर्टिब्रा को शुरू में तेज़ कमर दर्द, ऊंचाई कम होने या रीढ़ के आकार में विकार जैसे कायफोसिस या झुके हुए शरीर के रूप में महसूस या देखा जा सकता है।
ओस्टियोपोरोसिस के जोखिम कारक क्या हैं?
| नियंत्रित किए जाने योग्य जोखिम कारक/ऐसे जोखिम कारक जिन्हें हम बदल सकते हैं |
नियंत्रित न किए जाने योग्य जोखिम कारक/ऐसे जोखिम कारक जिन्हें हम बदल नहीं सकते |
- मौजूदा निम्न अस्थि संहति
- निम्न शारीरिक भार
- एस्ट्रोजेन स्तर में गिरावट
- कैल्शियम और विटामिन डी का अभाव
- व्यायाम का अभाव
- कॉर्टिकोस्टेरायड्स और एंटीकॉनवल्सेंट्स जैसी कुछ दवाओं का इस्तेमाल
- धूम्रपान
- अत्यधिक मात्रा में अल्कोहल का सेवन
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- एशियन अमेरिकन होना
- महिला होना
- 50 या उससे अधिक उम्र होना
- ओस्टियोपोरोसिस का पारिवारिक इतिहास
- एनोरेक्सिया नर्वोसा का इतिहास
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ओस्टियोपोरोसिस से किस प्रकार बचाव किया जा सकता है?
लगभग 20 वर्ष की होने तक, औसत महिला अपने अस्थि-ढांचा भार का 98 प्रतिशत प्राप्त कर लेती है। बचपन और किशोरावस्था में मज़बूत हड्डियां बना लेना बाद में ओस्टियोपोरोसिस होने के विरुद्ध सबसे अच्छा बचाव हो सकता है। पांच कदम हैं, जिन्हें एक साथ उठाने से हड्डियों के स्वास्थ्य को बेहतर बनाया जा सकता है और जिनसे ओस्टियोपोरोसिस से बचाव में मदद मिल सकती है। ये निम्नलिखित हैं:
- कैल्शियम और विटामिन डी से भरपूर एक संतुलित आहार
- भार उठाने वाले और प्रतिरोध-प्रशिक्षण व्यायाम
- धूम्रपान या अत्यधिक अल्कोहल के बगैर एक स्वस्थ जीवनशैली
- हड्डियों के स्वास्थ्य के बारे में स्वास्थ्य देखरेख विशेषज्ञों से बात करना
- अस्थि सघनता परीक्षण और जब उचित हो तो दवा लेना
स्रोत: नेशनल ओस्टियोपोरोसिस फाउंडेशन,
नेशनल एशियन वुमैन हैल्थ ऑर्गानाइजेशन, और
नेशनल इंस्टिट्यूट्स ऑफ हैल्थ
आउटरीच और शिक्षा
मोंटगोमेरी काउंटी में विभिन्न एशियन लोगों के लिए ओस्टियोपोरोसिस परीक्षण और शिक्षा के साथ आउटरीच आयोजनों के संचालन के लिए AAHI ने विभिन्न सामुदायिक साझेदारों से हाथ मिलाया है। आउटरीच आयोजनों में, समुदाय के सदस्यों को यह समझने में मदद करने के लिए यह क्यों महत्वपूर्ण है और ओस्टियोपोरोसिस से कैसे बचाव किया जाए, अस्थि सघनता परीक्षण और विभिन्न भाषाओं में अनूदित शिक्षा सामग्री प्रदान की जाती है।
अस्थि सघनता परीक्षण
AAHI अस्थि सघनता की जांच के लिए एक गुणात्मक अल्ट्रासोनिक बोन सोनोमीटर का इस्तेमाल करती है। यह मशीन सुरक्षित है और
आपके पैर की ऐड़ी की जांच के लिए अल्ट्रासाउंड तरंगों का इस्तेमाल करती है। जांच के परिणामों में
एक टी-स्कोर शामिल है जो आपके लिंग वाले युवा, स्वस्थ लोगों से
आपके परिणामों की तुलना है। टी-स्कोर का इस्तेमाल ओस्टियोपोरोसिस के लिए आपके जोखिम का निर्धारण करने के लिए भी किया जा सकता है।
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अल्ट्रासाउंड बोन मेजरमेंट रिपोर्ट की व्याख्या (टी-स्कोर)
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| सामान्य |
टी-स्कोर -1 से +1 SD |
| ओस्टियोपेनिया |
टी-स्कोर - 1 से -2.5 SD |
| ओस्टियोपोरोसिस |
टी-स्कोर -2.5 या कम |
| गंभीर ओस्टियोपोरोसिस |
टी-स्कोर -2.5 या कम और फ्रेजिलिटी फ्रेक्चर |
स्रोत:स्रोत डब्ल्यूएचओ डायग्नोस्टिक कैटेगरीज़ 1994: बीएमडी*-आधारित ओस्टियोपोरोसिस/ओस्टियोपेनिया की परिभाषा
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संसाधन
ओस्टियोपोरोसिस पर अधिक जानकारी के लिए, कृपया निम्नलिखित संगठनों से संपर्क करें
एशियन अमेरिकन सीनियर सिटीजन्स सर्विसेज़ सेंटर - सांता आना, सीए चाइना ओस्टियोपोरोसिस फाउंडेशन फाउंडेशन फॉर ओस्टियोपोरोसिस रिसर्च एंड एजुकेशन इंटरनेशनल ओस्टियोपोरोसिस फाउंडेशन जापान ओस्टियोपोरोसिस फाउंडेशन नेशनल ओस्टियोपोरोसिस फाउंडेशन ओस्टियोपोरोसिस सोसायटी (सिंगापुर) ओस्टियोपोरोसिस सोसायटी (सिंगापुर) ऑफिस ऑफ दी यू.एस. सर्जन जनरल, यूनाइटेड स्टेट्स डिपार्टमेंट ऑफ हैल्थ एंड ह्यूमैन सर्विसेज़। अस्थि स्वास्थ्य और ओस्टियोपोरोसिस: सर्जन जनरल की एक रिपोर्ट